गेंद से छेड़छाड़ करना अब खिलाड़ियों पर और ज्यादा पड़ सकता है भारी, बरतनी होगी सावधानी

आज के समय में क्रिकेट के प्रति लोगों की दिलचस्पी काफी बढ़ चुकी है. बड़े से लेकर बूढ़े तक सभी को क्रिकेट बहुत ज्यादा भाता  है. इसका हर टूर्नामेंट काफी शानदार साबित होता है. इसकी फैन फॉलोइंग दिन-प्रतिदिन बढती जा रही है. साथ ही लोगों में क्रिकेट में अपना फ्यूचर बनाने की चाह भी काफी बढ़ गई है.

इसी के साथ ही क्रिकेट के हर टूर्नामेंट के जरिये खिलाड़ी अपने आपको साबित करने ही होड़ में लगे रहते हैं जिससे वह कुछ नए रिकॉर्ड अपने नाम कर सकें. और ऐसा होता भी है. हर खेल में कोई न कोई नया रिकॉर्ड बनता और टूटता है. इसी के साथ ही कुछ खिलाड़ी इसे भी होतें हैं जो अपनी जरा सी गलती के चलते कुछ शर्मनाक रिकॉर्ड अपने नाम कर लेते हैं.

ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ियों पर लग चुका है प्रतिबन्ध 

इसका सबसे अच्छा उदहारण ऑस्ट्रेलिया टीम के पूर्व कप्तान स्टीव स्मिथ, पूर्व उप कप्तान डेविड वार्नर और खिलाड़ी कैमरून बैनक्राफ्ट हैं. हालही में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ खेले गए दूसरे टेस्ट मैच में ऑस्ट्रालिया के इन तीनों खिलाड़ियों ने गेंद से छेड़छाड़ की थी, जिसके दोषी पाए जाने पर स्मिथ और वार्नर पर एक साल और बैनक्राफ्ट पर नौ माह का प्रतिबन्ध लगा दिया गया था.

दिनेश चंडीमल पर अब लगा है आरोप 

अभी यह मामला पूरी तरह से ख़त्म तक नहीं हो पाया था कि एक और नई घटना सामने आ गई. वेस्टइंडीज और श्रीलंका के बीच जारी दूसरे टेस्ट मैच में श्रीलंका के कप्तान दिनेश चंडीमल पर बॉल टैंपरिंग का आरोप लगा है, हालांकि उन्होंने अपने ऊपर लगे आरोपों से इंकार कर दिया है. अब इसी वजह से आईसीसी अब इसको लेकर कड़े कानून बनाने का विचार कर रही है.

आईसीसी बना सकती है कड़े क़ानून 

आईसीसी गेंद से छेड़छाड़ की घटना को लेकर अब काफी गंभीर नजर आ रही है और इसके लिए लिए सजा के प्रावधान और कड़े कर सकती है. इस महीने के आखिर में आईसीसी की सालाना कॉन्फ्रेंस इस महीने के अंत में दुबई में होगी जिसमें बॉल टैंपरिंग को लेकर कड़े कानून बनाए जा सकते हैं.

गेंद से छेड़छाड़ है खेल भावना के खिलाफ 

आईसीसी के चीफ एग्जीक्यूटिव डेविड रिचर्डसन ने ईएसपीएन क्रिकइन्फो से बातचीत में कहा कि, “आईसीसी क्रिकेट समिति का मानना है कि गेंद से छेड़छाड़ बेईमानी है और खेल भावना के खिलाफ है. इसलिए हम चर्चा कर रहे हैं कि बॉल टैंपरिंग और व्यक्तिगत टिप्पणी पर लेवल 3 के अंतर्गत चार्ज लगाया जाए. अगर आईसीसी बोर्ड बॉल टैंपरिंग को लेवल 3 के अंतर्गत लाने का फैसला करता है तो फिर भविष्य में गेंद से छेड़छाड़ का दोषी पाए जाने पर किसी भी खिलाड़ी पर न्यूनतम 4 टेस्ट मैच का प्रतिबंध लग सकता है.”

 

Related posts

Leave a Comment